नशा तस्करों पर शिकंजा कसने की तैयारी, रुद्रपुर में खुलेगा उत्तराखंड का पहला एंटी नारकोटिक्स थाना
देहरादून। उत्तराखंड में नशे के अवैध कारोबार पर लगाम लगाने के लिए पुलिस अब अपनी कार्रवाई को और मजबूत करने की तैयारी में है। प्रदेश सरकार के नशा मुक्त उत्तराखंड अभियान के तहत ऊधम सिंह नगर जिले के रुद्रपुर में राज्य का पहला एंटी नारकोटिक्स थाना खोलने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इसके लिए 32 पदों के सृजन की योजना है। पुलिस मुख्यालय ने इस संबंध में शासन को प्रस्ताव भेज दिया है।
नशीले पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण और तस्करों के नेटवर्क को तोड़ने के उद्देश्य से नारकोटिक्स पुलिस व्यवस्था का विस्तार किया जा रहा है। पुलिस मुख्यालय की ओर से शासन को भेजे गए प्रस्ताव में एंटी नारकोटिक्स व्यवस्था के पूरे ढांचे को मजबूत करने के लिए करीब 70 पदों की आवश्यकता बताई गई है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद प्रदेश में नशे के खिलाफ अभियान को नई गति मिलने की उम्मीद है।
रुद्रपुर को क्यों चुना गया?
रुद्रपुर और इसके आसपास के क्षेत्रों में नशीले पदार्थों की तस्करी के बढ़ते मामलों को देखते हुए यहां पहला एंटी नारकोटिक्स थाना खोलने की योजना बनाई गई है। इस थाने के माध्यम से नशे के कारोबार से जुड़े मामलों की जांच और तस्करी के खिलाफ कार्रवाई को अधिक प्रभावी बनाने पर जोर रहेगा। हालांकि, थाने की स्थापना और पदों के सृजन को लेकर अंतिम निर्णय शासन की मंजूरी के बाद ही होगा।
मौजूदा व्यवस्था को भी किया जा रहा मजबूत
फिलहाल उत्तराखंड में नारकोटिक्स मुख्यालय के लिए 20 पद सृजित हैं। इन पदों पर पुलिस की अन्य शाखाओं से कर्मचारियों को प्रतिनियुक्ति के आधार पर तैनात किया गया है। अब सरकार और पुलिस मुख्यालय इस व्यवस्था को अधिक संगठित और प्रभावी बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं, ताकि नशे से जुड़े अपराधों पर कार्रवाई के लिए विशेष तंत्र विकसित किया जा सके।
केंद्र के निर्देशों के बाद तेज हुई कवायद
कुछ समय पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई नारकोटिक्स कोऑर्डिनेशन सेंटर (NCORD) की बैठक में भी इस व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया गया था। इसी क्रम में उत्तराखंड में नारकोटिक्स से जुड़े पुलिस ढांचे के विस्तार की तैयारी की जा रही है।
प्रदेश में नशे के खिलाफ कार्रवाई को केवल अभियान तक सीमित रखने के बजाय एक विशेष पुलिस व्यवस्था के जरिए मजबूत करने की यह पहल अहम मानी जा रही है। अब सभी की नजरें शासन की मंजूरी पर हैं, जिसके बाद रुद्रपुर में प्रदेश के पहले एंटी नारकोटिक्स थाने की स्थापना का रास्ता साफ हो सकता है।


