उत्तराखंड बोर्ड के 2.09 लाख विद्यार्थियों को मिलेगी ऑनलाइन कोचिंग, गणित-विज्ञान और अंग्रेजी पर रहेगा फोकस

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देहरादून। उत्तराखंड बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए राहत भरी खबर है। पढ़ाई में कमजोर छात्रों को बोर्ड परीक्षा के लिए बेहतर ढंग से तैयार करने के उद्देश्य से शिक्षा विभाग इसी माह से ऑनलाइन कोचिंग शुरू करने जा रहा है। इस पहल के तहत करीब 2,09,425 विद्यार्थियों को विशेषज्ञ शिक्षकों से पढ़ने का अवसर मिलेगा।

इसमें हाईस्कूल के 1,10,278 और इंटरमीडिएट के 99,147 विद्यार्थी शामिल हैं। हाल ही में गणित, विज्ञान और अंग्रेजी विषयों में आयोजित परीक्षा के आधार पर कमजोर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को इस विशेष कोचिंग से जोड़ा जाएगा। इसका उद्देश्य छात्रों की विषय संबंधी कमियों को दूर करना और बोर्ड परीक्षा में उनके प्रदर्शन को बेहतर बनाना है।

रोजाना एक से दो घंटे चलेंगी ऑनलाइन कक्षाएं

ऑनलाइन कोचिंग के संचालन की जिम्मेदारी राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) और जिला स्तर पर मुख्य शिक्षा अधिकारियों की ओर से गठित समितियों को सौंपी गई है। विद्यार्थियों की सुविधा के अनुसार प्रतिदिन एक से दो घंटे तक ऑनलाइन कक्षाएं आयोजित की जाएंगी।

इन कक्षाओं में विशेष रूप से गणित, विज्ञान और अंग्रेजी जैसे विषयों पर ध्यान दिया जाएगा। विशेषज्ञ शिक्षक विद्यार्थियों को उन अध्यायों और टॉपिक्स की जानकारी देंगे, जिनमें उन्हें अधिक परेशानी हो रही है। इससे छात्रों को अपनी कमजोरियों को समझने और परीक्षा से पहले तैयारी मजबूत करने में मदद मिलेगी।

स्मार्टफोन और टैबलेट से भी जुड़ सकेंगे छात्र

एससीईआरटी की ओर से इस विशेष कोचिंग कार्यक्रम के लिए विशेषज्ञ शिक्षकों की व्यवस्था की जाएगी। विद्यार्थी स्कूलों में उपलब्ध वर्चुअल क्लासरूम, टैबलेट या घर पर परिजनों के स्मार्टफोन के माध्यम से ऑनलाइन कक्षाओं से जुड़ सकेंगे।

जिन विद्यार्थियों ने पाठ्यक्रम पूरा कर लिया है, उन्हें इन कक्षाओं के जरिए महत्वपूर्ण विषयों और अध्यायों का दोबारा अभ्यास कराया जाएगा। साथ ही जिन छात्रों की विषयों पर पकड़ कमजोर है, उन्हें अतिरिक्त मार्गदर्शन दिया जाएगा।

शिक्षा विभाग की इस पहल से उम्मीद है कि बोर्ड परीक्षार्थियों को परीक्षा से पहले अतिरिक्त शैक्षणिक सहायता मिलेगी। इससे न केवल उनकी विषयगत समझ बेहतर होगी, बल्कि परीक्षा परिणाम में भी सुधार लाने में मदद मिल सकती है।

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