ऋषिकेश में कवि सम्मेलन व पुस्तक विमोचन, कृषि मंत्री गणेश जोशी रहे मुख्य अतिथि
ऋषिकेश: भारतीय साहित्य संगम द्वारा आयोजित अखिल भारतीय कवि सम्मेलन, पुस्तक विमोचन एवं सम्मान समारोह का भव्य आयोजन पी.एम. राजकीय इंटर कॉलेज, आईडीपीएल के सभागार में किया गया। इस अवसर पर भारतीय साहित्य संगम को ऑनलाइन व्याख्यान माला एवं अखिल भारतीय कवि सम्मेलन की 330 श्रृंखलाओं के सफल आयोजन के माध्यम से विश्व कीर्तिमान स्थापित करने पर वर्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड, लंदन द्वारा सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि कृषि एवं सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी, भारतीय साहित्य संगम के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. धीरेंद्र रांगड़ तथा फिल्म निर्माता डॉ. राजेश डोभाल ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया।भारतीय साहित्य संगम द्वारा साहित्य के क्षेत्र में निरंतर किए जा रहे नवाचारों और व्यापक सहभागिता के चलते बनाए गए इस विश्व कीर्तिमान पर वर्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड, लंदन द्वारा संस्था को सम्मानित किया गया। यह सम्मान डॉ. धीरेंद्र रांगड़, डॉ. राजेश डोभाल, मनोज कुमार गुप्ता, शंभू प्रसाद भट्ट, संजीव कुमार चौहान एवं डॉ. देवीदिन अविनाशी को कृषि मंत्री गणेश जोशी द्वारा प्रदान किया गया।

इस अवसर पर कृषि मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि उत्तराखंड की धरती सदैव से कवियों और साहित्यकारों की भूमि रही है, जिन्होंने साहित्यिक एवं सांस्कृतिक चेतना को नई दिशा और दृष्टि प्रदान की है। उन्होंने कहा कि डॉ. धीरेंद्र रांगड़ के नेतृत्व में साहित्य के क्षेत्र में स्थापित यह विश्व कीर्तिमान न केवल उत्तराखंड बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। वर्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड, लंदन के अध्यक्ष डॉ. अविनाश दी शकुंडे ने अपने संदेश में भारतीय साहित्य संगम के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए संस्था को आगे भी नए कीर्तिमान स्थापित करने के लिए प्रेरित किया।
कवि सम्मेलन की अध्यक्षता डॉ. धीरेंद्र रांगड़ ने की, जबकि विशेष अतिथि के रूप में एम.आर. सकलानी एवं रंगकर्मी विमल बहुगुणा उपस्थित रहे। कार्यक्रम का कुशल संचालन मनोज कुमार गुप्ता ने किया। कवि सम्मेलन में डॉ. एम.आर. सकलानी, डॉ. राजेश डोभाल, अरुणा वशिष्ठ, चित्रा शर्मा, किरण नैथानी, दिनेश भट्ट, शंभू प्रसाद भट्ट ‘स्नेहिल’, डॉ. एस.एन. बडोनी, हर्ष मणि भट्ट सहित अनेक कवियों एवं साहित्यकारों ने विविध विषयों पर काव्य पाठ कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया।
समारोह के दौरान कृषि मंत्री गणेश जोशी ने फिल्म निर्माता स्वप्निल सिन्हा एवं समाजसेवी निरंजन डोभाल को समाज एवं संस्कृति के क्षेत्र में अतुलनीय योगदान के लिए शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया।साथ ही शंभू प्रसाद भट्ट ‘स्नेहिल’ की धर्म आस्था परिपथ, डॉ. मुनेंद्र राम सकलानी की आजादी का अमृत महोत्सव और राजभाषा हिंदी की प्रगति, डॉ. राजेश डोभाल की श्रद्धांजलि तथा अरुणा वशिष्ठ की मित्र संस्मरण पुस्तकों का विमोचन किया गया। इस अवसर पर चयनित कवियों एवं साहित्यकारों को “गढ़वाल साहित्य सम्मान” से भी सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में देवेश्वर प्रसाद रतूड़ी, विजय पाल सिंह, नरेंद्र सिंह रावत, ललित मोहन जोशी, अनामिका रावत, सुशील सैनी, विवेक भारत गौड़, भगवान सिंह रांगड़, विशाल मणि पैन्यूली, सरदार हरचरण सिंह, रमेश पैन्यूली, अनिल कुकरेती, मनोज काला, प्रेमलाल कंडवाल, सुमित्रा पवार, निर्मल रांगड़, हुकुम सिंह रांगड़, धनपाल सिंह, शूरवीर सिंह, ऊषा भंडारी सहित बड़ी संख्या में साहित्यप्रेमी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
