बागेश्वर धाम में नए साल का भव्य आध्यात्मिक शुभारंभ, आधी रात हनुमान चालीसा पाठ में उमड़े लाखों श्रद्धालु
मध्य प्रदेश : नए वर्ष की शुरुआत के साथ ही मध्य प्रदेश स्थित प्रसिद्ध बागेश्वर धाम आस्था, भक्ति और अनुशासन का विराट केंद्र बन गया। आधी रात को जैसे ही नया साल आरंभ हुआ, वैसे ही धाम परिसर में लाखों श्रद्धालुओं ने एक साथ हनुमान चालीसा का सामूहिक पाठ कर नववर्ष का स्वागत किया। पूरा वातावरण ‘जय श्रीराम’ और ‘जय बजरंगबली’ के जयघोष से गुंजायमान हो उठा।
इस पावन अवसर पर बागेश्वर धाम पीठाधीश पं. धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि हनुमान जी के सानिध्य में रहकर जीवन की हर चिंता से मुक्ति पाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि सच्ची भक्ति वही है, जो व्यक्ति को संयम, सेवा और सदाचार के मार्ग पर आगे बढ़ाए।पं. धीरेंद्र शास्त्री ने नववर्ष के अवसर पर देश और समाज के लिए प्रार्थना करते हुए कहा कि वर्ष 2026 तक हिंदू, हिंदुत्व और हिंदुस्तान की पताका पूरे विश्व में फहराए, यही उनकी कामना है। उन्होंने सनातन संस्कृति की एकता और राष्ट्र के सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने का संदेश दिया।

अपने प्रवचन में महाराज श्री ने विशेष रूप से युवाओं को संबोधित करते हुए दो बड़े संकल्प लेने का आह्वान किया। पहला नशा, व्यसन और गलत आदतों को पूरी तरह त्यागना, और दूसरा सोशल मीडिया का सीमित और सकारात्मक उपयोग करना। उन्होंने कहा कि अत्यधिक मोबाइल और सोशल मीडिया व्यक्ति को भटकाता है, जबकि धर्म और साधना जीवन को दिशा देती है।
पं. धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि आज का युवा वर्ग तेजी से धार्मिक स्थलों और आध्यात्मिक आयोजनों की ओर आकर्षित हो रहा है, जो समाज के लिए शुभ संकेत है। इससे न केवल संस्कार मजबूत होंगे, बल्कि मानसिक शांति और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी का भाव भी विकसित होगा।नववर्ष की इस आध्यात्मिक बेला में बागेश्वर धाम में श्रद्धालुओं की उमड़ी आस्था ने यह संदेश दिया कि सनातन परंपरा आज भी जन-जन के हृदय में जीवंत है और नए साल की शुरुआत भक्ति, संकल्प और सकारात्मक सोच के साथ हो रही है।
