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हरिद्वार : धर्मनगरी हरिद्वार में वर्ष 2027 में आयोजित होने वाले विश्व प्रसिद्ध कुंभ मेले की भव्य एवं सुव्यवस्थित तैयारियों को लेकर एक महत्वपूर्ण उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने की। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, विभिन्न विधायकगण, प्रशासनिक अधिकारी तथा संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में कुंभ मेले की व्यापक तैयारियों की समीक्षा करते हुए विभिन्न विभागों द्वारा अब तक किए गए कार्यों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए कुंभ मेले को ऐतिहासिक, दिव्य और सुरक्षित बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुव्यवस्था सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।बैठक में शंभू पासवान, महापौर नगर निगम ऋषिकेश, ने भी सहभागिता करते हुए अपने महत्वपूर्ण सुझाव रखे। उन्होंने विशेष रूप से नगर निगम क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने, यातायात प्रबंधन को सुचारु रखने, पर्याप्त पार्किंग स्थलों की व्यवस्था करने, पेयजल आपूर्ति को निर्बाध सुनिश्चित करने तथा समुचित प्रकाश व्यवस्था करने पर बल दिया। साथ ही उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समयबद्ध रूप से पूर्ण की जानी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कुंभ मेले के दौरान करोड़ों श्रद्धालुओं की संभावित उपस्थिति को ध्यान में रखते हुए आधारभूत ढांचे को मजबूत किया जाए। उन्होंने सड़क चौड़ीकरण, घाटों के सुदृढ़ीकरण, अस्थायी एवं स्थायी आवासीय व्यवस्थाओं, चिकित्सा सुविधाओं, आपदा प्रबंधन एवं सुरक्षा इंतजामों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।

बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि विभिन्न परियोजनाओं के लिए स्पष्ट समय-सीमा निर्धारित की जाए तथा नियमित रूप से प्रगति की समीक्षा की जाए। प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए और सभी कार्य तय समय के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरे किए जाएं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ मेला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि उत्तराखंड की सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और पर्यटन पहचान का प्रतीक है। यह आयोजन प्रदेश की आस्था, परंपरा और आतिथ्य भावना को विश्व पटल पर प्रदर्शित करने का अवसर है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार, स्थानीय निकायों और प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से कुंभ मेला 2027 भव्य, दिव्य और ऐतिहासिक रूप में संपन्न होगा। राज्य सरकार एवं स्थानीय निकाय पूर्ण समर्पण और प्रतिबद्धता के साथ कुंभ मेला 2027 की तैयारियों में जुटे हुए हैं, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और आध्यात्मिक अनुभव प्रदान किया जा सके।

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