दून अस्पताल में मोटापे का इलाज होगा आसान, हर शुक्रवार लगेगी विशेष ओपीडी; जरूरत पर होगी बेरिएट्रिक सर्जरी
देहरादून। मोटापे की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर है। अब वजन कम करने के उपचार और विशेषज्ञों की सलाह के लिए मरीजों को निजी अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा। दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल में मोटापा निवारण के लिए विशेष क्लीनिक शुरू किया जा रहा है। यहां मरीजों को जांच, चिकित्सकीय परामर्श और जरूरत के अनुसार बेरिएट्रिक सर्जरी की सुविधा उपलब्ध कराने की तैयारी है। इससे मोटापे से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं के उपचार को सरकारी अस्पताल में ही सुलभ बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया गया है।
अस्पताल के सर्जरी विभाग की ओर से हर शुक्रवार को इस विशेष क्लीनिक का संचालन किया जाएगा। यहां पहुंचने वाले मरीजों की स्वास्थ्य स्थिति का आकलन करने के बाद उनके लिए उपचार की उपयुक्त प्रक्रिया तय की जाएगी। जिन मरीजों को केवल चिकित्सकीय परामर्श और निगरानी की जरूरत होगी, उन्हें उसी के अनुसार मार्गदर्शन दिया जाएगा। वहीं, निर्धारित चिकित्सकीय मानकों के आधार पर सर्जरी की आवश्यकता वाले मरीजों को बेरिएट्रिक सर्जरी की सुविधा देने की योजना है।
सर्जरी विभाग की निगरानी में चलेगा क्लीनिक
मोटापा निवारण क्लीनिक के संचालन की जिम्मेदारी सर्जरी विभाग को सौंपी गई है। विभागाध्यक्ष डॉ. अभय कुमार के निर्देशन में डॉ. आरपी खंडूरी को क्लीनिक का नोडल अधिकारी बनाया गया है। डॉक्टरों की टीम प्रत्येक शुक्रवार को मरीजों की जांच और परामर्श करेगी। मरीज की स्थिति, स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं और उपचार की जरूरत को ध्यान में रखते हुए आगे की प्रक्रिया निर्धारित की जाएगी।
ओटी में उपकरण और संसाधन जुटाने की तैयारी
क्लीनिक शुरू करने के साथ ही बेरिएट्रिक सर्जरी के लिए जरूरी व्यवस्थाएं भी की जा रही हैं। अस्पताल की प्राचार्य डॉ. गीता जैन और चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आरएस बिष्ट ऑपरेशन थिएटर (ओटी) में आवश्यक उपकरणों और अन्य संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित कराने में जुटे हैं। इन तैयारियों का उद्देश्य मरीजों को जांच से लेकर जरूरत पड़ने पर सर्जरी तक की सुविधा अस्पताल में उपलब्ध कराना है।
ओपीडी की पहली मंजिल पर होगा क्लीनिक
मोटापा निवारण क्लीनिक सर्जरी विभाग की ओपीडी की पहली मंजिल पर कमरा नंबर 103 में संचालित होगा। विभागाध्यक्ष डॉ. अभय कुमार के मुताबिक, इस पहल से मोटापे की समस्या से परेशान मरीजों को सरकारी अस्पताल में विशेषज्ञों की सलाह और उपचार की सुविधा मिल सकेगी।
मोटापे के कारण कई लोगों को रोजमर्रा की गतिविधियों में परेशानी के साथ अन्य स्वास्थ्य संबंधी जोखिमों का भी सामना करना पड़ता है। ऐसे में समय पर चिकित्सकीय परामर्श और उचित उपचार महत्वपूर्ण है। दून अस्पताल में शुरू होने जा रहा यह क्लीनिक मरीजों को उपचार का एक अतिरिक्त विकल्प उपलब्ध कराएगा। साथ ही निजी अस्पतालों में इलाज और सर्जरी पर होने वाले अधिक खर्च से राहत मिलने की उम्मीद है।


