पीड़ित महिलाओं से मिलीं कुसुम कण्डवाल, सखी सेंटर का किया औचक निरीक्षण

खबर शेयर करें -

सखी सेंटर केवल आश्रय नहीं, महिलाओं के लिए भरोसे और न्याय का केंद्र— कुसुम कण्डवाल

देहरादून। उत्तराखण्ड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कण्डवाल ने सोमवार को सर्वे चौक स्थित सखी वन स्टॉप सेंटर का औचक निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सेंटर में रह रही महिलाओं से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी ली।

अध्यक्ष ने सेंटर की कार्यप्रणाली, स्वच्छता, भोजन व्यवस्था, काउंसलिंग प्रक्रिया और रिकॉर्ड रजिस्टर का निरीक्षण किया। उन्होंने कॉल रिकॉर्ड्स और लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए काउंसलर एवं स्टाफ से विस्तृत चर्चा की। सेंटर में आश्रय ले रही चार महिलाओं से व्यक्तिगत रूप से संवाद कर उनका कुशलक्षेम भी जाना।

इस दौरान कुसुम कण्डवाल ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में महिला सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।

उन्होंने कहा, “सखी वन स्टॉप सेंटर केवल एक आश्रय स्थल नहीं, बल्कि संकट की घड़ी में महिलाओं के लिए भरोसे और न्याय का केंद्र है। हमारा संकल्प है कि देवभूमि की किसी भी पीड़ित महिला को जानकारी के अभाव में न्याय के लिए भटकना न पड़े।”अध्यक्ष ने सेंटर स्टाफ को निर्देश दिए कि पीड़ित महिलाओं के साथ संवेदनशील और सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार किया जाए तथा प्रत्येक महिला को विधिक सहायता और सरकारी योजनाओं की पूरी जानकारी उपलब्ध कराई जाए।

सेंटर की प्रशासिका माया नेगी ने बताया कि पिछले महीने कुल 78 मामले दर्ज किए गए थे, जिनमें से कई मामलों का निस्तारण किया जा चुका है, जबकि कुछ प्रकरण विचाराधीन हैं। वहीं 1 मई से अब तक 29 नए मामले दर्ज किए गए हैं, जिनकी काउंसलिंग की जा रही है।

निरीक्षण के दौरान केंद्र प्रशासिका माया नेगी, काउंसलर मीनाक्षी पुंडीर, आईटी वर्कर कोमल भट्ट सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

Ad