खबर शेयर करें -

देहरादून : उत्तराखंड में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए परिवहन विभाग अब सख्त कदम उठाने जा रहा है। राज्य में तेज रफ्तार वाहनों के कारण हो रही दुर्घटनाओं को कम करने के उद्देश्य से विभाग द्वारा एक विस्तृत मानक प्रचालन कार्यविधि (SOP) तैयार की जा रही है।परिवहन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, प्रदेश में होने वाली कुल सड़क दुर्घटनाओं में लगभग एक तिहाई हादसे ओवरस्पीडिंग (तेज गति) के कारण होते हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए नई SOP के माध्यम से वाहनों की गति पर प्रभावी नियंत्रण, निगरानी प्रणाली को मजबूत करने और नियमों के कड़ाई से पालन पर विशेष जोर दिया जाएगा।

नई कार्यविधि के तहत प्रमुख सड़कों और संवेदनशील क्षेत्रों में स्पीड मॉनिटरिंग सिस्टम, सीसीटीवी कैमरे और आधुनिक तकनीकों का उपयोग बढ़ाया जाएगा। इसके साथ ही ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त चालान और दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। परिवहन विभाग पुलिस और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर इस योजना को लागू करेगा।

अधिकारियों का कहना है कि SOP लागू होने के बाद न केवल तेज रफ्तार पर नियंत्रण होगा, बल्कि सड़क सुरक्षा के प्रति लोगों में जागरूकता भी बढ़ेगी। इसके तहत समय-समय पर जनजागरूकता अभियान भी चलाए जाएंगे, ताकि वाहन चालक सुरक्षित ड्राइविंग के प्रति सचेत रहें। राज्य सरकार का मानना है कि इस पहल से सड़क दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी आएगी और लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकेगी।

Ad