कोटी-डोबरा सड़क परियोजना पर उठा मुआवजा विवाद, डीएम ने दिए पुनः सर्वे के निर्देश
नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में कोटी कॉलोनी–जाख–डोबरा पर्यटन सड़क निर्माण से प्रभावित ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में ग्राम जाख, तिवाड़गांव और पलास के ग्रामीणों ने भूमि व अन्य परिसंपत्तियों के सर्वे को लेकर आपत्तियां दर्ज कराईं। ग्रामीणों का कहना था कि सर्वे टीम द्वारा उनकी संपत्तियों का सही आकलन नहीं किया गया, जिससे उचित मुआवजा मिलने में दिक्कत आ सकती है।जिलाधिकारी ने सभी शिकायतों को गंभीरता से सुनते हुए निर्देश दिए कि प्रभावित लोग अपनी आपत्तियां लिखित रूप में प्रस्तुत करें।
बैठक के दौरान कुल 14 लिखित आपत्तियां दर्ज की गईं।डीएम ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि इन शिकायतों के आधार पर पुनः सर्वे कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए, ताकि प्रभावित ग्रामीणों को न्यायोचित समाधान मिल सके। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता है कि किसी के साथ अन्याय न हो और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी व निष्पक्ष हो।
बैठक में लोक निर्माण विभाग, प्रशासनिक अधिकारियों सहित विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि एवं संबंधित गांवों के काश्तकार मौजूद रहे।
